The Poetry Read में आपका स्वागत है 🌸 — यह एक ऐसा प्यारा सा मंच है जहाँ आप दिल से जुड़ी भावनाओं को सरल और समझने वाली शायरी के माध्यम से पढ़ सकते हैं। अगर आप सच्ची भावनाओं को शब्दों में महसूस करना चाहते हैं, तो यह जगह आपके लिए ही बनाई गई है। यहाँ हम जीवन के अनुभवों, दोस्ती, भरोसे और दिल की बातों को शायरी के रूप में साझा करते हैं। अगर आप bewafa dost shayari ढूंढ रहे हैं, तो आपको यहाँ दिल को छू लेने वाली पंक्तियाँ मिलेंगी जो आपकी भावनाओं को सही तरीके से व्यक्त करने में मदद करेंगी।
Bewafa Dost Shayari
दोस्ती का रिश्ता हमने दिल से निभाया था,
हर मुश्किल में तेरा साथ ही पाया था,
पर तूने ही एक दिन सच दिखा दिया,
कि दोस्ती में भी धोखा छुपाया था।
जिसे अपना समझा वही बेगाना निकला,
दिल का हर राज़ उसी को बताया था,
जब वक्त आया साथ निभाने का,
उसने ही हमें तन्हा छोड़ जाना था।
दोस्ती पर हमने बड़ा नाज़ किया था,
हर दर्द में तुझे याद किया था,
मगर तूने ही पल भर में दिखा दिया,
कि भरोसा करना सबसे बड़ी भूल किया था।
कभी साथ बैठकर सपने सजाया करते थे,
हर बात पर खुलकर मुस्कुराया करते थे,
पर अब वही दोस्त दूर हो गया,
जिसके बिना हम जीना भूल जाया करते थे।
दोस्ती का मतलब वफ़ा समझा था हमने,
तेरा हर वादा सच्चा समझा था हमने,
मगर तूने ही एक दिन बता दिया,
कि हम ही सबसे ज्यादा भोले थे।
जिस दोस्त के लिए दुनिया से लड़ जाते थे,
हर दर्द में उसके साथ खड़े हो जाते थे,
वही दोस्त जब बदल गया अचानक,
तो हम खुद से ही सवाल कर जाते थे।
दोस्ती के नाम पर दिल लगाया था,
हर खुशी तुझ पर ही लुटाया था,
मगर तूने ही पल में रिश्ता तोड़ दिया,
जिसे हमने उम्र भर निभाया था।
कभी तेरा साथ सबसे प्यारा लगता था,
हर लम्हा जैसे सहारा लगता था,
मगर अब तेरी याद भी चुभती है,
क्योंकि वही दोस्त सबसे बेगाना लगता था।
हमने दोस्ती को अपना मान लिया,
तुझे हर दर्द का अरमान मान लिया,
मगर तूने ही दिखा दिया एक दिन,
कि हमने गलत इंसान पहचान लिया।
दोस्ती की राहों में भरोसा बोया था,
हर खुशी का फूल तुझसे ही संजोया था,
मगर तूने ही उस बाग को उजाड़ दिया,
जिसे हमने बड़े प्यार से पिरोया था।
कभी तू ही मेरी मुस्कान हुआ करता था,
हर खुशी का अरमान हुआ करता था,
मगर अब तेरी याद ही दर्द बन गई,
जो कभी दिल की पहचान हुआ करता था।
दोस्ती का हर लम्हा खास लगता था,
तेरे बिना सब कुछ उदास लगता था,
मगर तूने ही रिश्ता तोड़ दिया,
जो कभी सबसे विश्वास लगता था।
जिस दोस्त पर सबसे ज्यादा भरोसा था,
वही दिल तोड़ने वाला किस्सा था,
आज समझ आया जिंदगी का सच,
हर दोस्त वफ़ा करने वाला हिस्सा नहीं होता।
हमने तुझे अपना समझा था,
दिल का हर राज़ तुझसे कहा था,
मगर तूने ही दुनिया को बता दिया,
जो राज़ हमने छुपाकर रखा था।
दोस्ती में कभी झूठ नहीं बोला था,
हर दर्द तेरे साथ ही तोला था,
मगर तूने ही साथ छोड़ दिया,
जब हमने तुझ पर भरोसा खोला था।
दोस्ती की कसम भी खाई थी तूने,
हर पल साथ निभाने की बात बताई थी तूने,
मगर वक्त आया तो मुड़ गया तू,
शायद वफ़ा सिर्फ दिखाई थी तूने।
हमने दोस्ती को इबादत माना था,
हर दर्द को भी इनाम माना था,
मगर तूने ही दिल तोड़ दिया,
जिसे हमने अपना जहान माना था।
कभी तेरा साथ सुकून देता था,
हर ग़म से हमें दूर लेता था,
मगर आज वही दोस्त दूर है,
जो कभी हर खुशी देता था।
दोस्ती की राहों में चलना आसान नहीं,
हर दोस्त सच्चा हो ऐसा अरमान नहीं,
कभी-कभी वही दिल तोड़ जाते हैं,
जिनके बिना जीना भी आसान नहीं।
हमने दोस्ती में वफ़ा ढूंढी थी,
तेरी हर बात में दुआ ढूंढी थी,
मगर तूने ही दिल तोड़ दिया,
जिसमें हमने अपनी दुनिया ढूंढी थी।
दोस्ती का रिश्ता बहुत खास होता है,
हर पल उसमें विश्वास होता है,
मगर जब वही दोस्त धोखा दे जाए,
तो दिल में सिर्फ उदास होता है।
हमने दोस्ती को दिल से अपनाया था,
हर दुख में तेरा हाथ थामाया था,
मगर तूने ही एक दिन दिखा दिया,
कि यह रिश्ता भी बस एक साया था।
दोस्ती में हर राज़ तुझसे कहा था,
तुझे ही अपना सबसे करीब माना था,
मगर तूने ही साथ छोड़ दिया,
जिसे हमने सबसे सच्चा जाना था।
कभी तेरी हँसी में हमारी खुशी होती थी,
हर बात में दोस्ती की रोशनी होती थी,
मगर अब वही दोस्त दूर हो गया,
जिसकी यादों में जिंदगी बसी होती थी।
दोस्ती में जो भरोसा लगाया था,
हर दर्द तुझसे ही छुपाया था,
मगर तूने ही दुनिया को बता दिया,
जो राज़ हमने दिल में बसाया था।
हमने तुझे अपना सहारा माना था,
हर खुशी का किनारा माना था,
मगर तूने ही हमें छोड़ दिया,
जिसे हमने अपना सितारा माना था।
दोस्ती का रिश्ता बड़ा प्यारा था,
हर लम्हा तेरा सहारा था,
मगर तूने ही एक दिन बता दिया,
कि यह रिश्ता भी बस गुजारा था।
कभी तेरी दोस्ती पर नाज़ था,
हर बात में तेरा अंदाज़ था,
मगर आज वही दोस्त दूर है,
जो कभी दिल के पास था।
हमने दोस्ती को इबादत समझा था,
हर लम्हा तुझे राहत समझा था,
मगर तूने ही दिल तोड़ दिया,
जिसे हमने अपनी चाहत समझा था।
दोस्ती की राहों में साथ चला था तू,
हर मोड़ पर हाथ मिला था तू,
मगर जब मुश्किल वक्त आया,
उसी राह से मुड़ गया था तू।
कभी तेरा नाम ही मुस्कान था,
हर दोस्ती का तू ही अरमान था,
मगर तूने ही रिश्ता तोड़ दिया,
जो कभी हमारी पहचान था।
दोस्ती में हर पल भरोसा था,
तेरे साथ जीने का हौसला था,
मगर तूने ही साथ छोड़ दिया,
जो कभी दिल का किस्सा था।
हमने दोस्ती में वफा चाही थी,
हर बात में सच्चाई चाही थी,
मगर तूने ही दिल तोड़ दिया,
जिसमें हमने अच्छाई चाही थी।
दोस्ती की दुनिया सजाई थी हमने,
हर खुशी तुझसे पाई थी हमने,
मगर तूने ही उसे तोड़ दिया,
जिसे बड़ी मेहनत से बसाई थी हमने।
कभी दोस्ती में सुकून मिलता था,
हर दर्द में जुनून मिलता था,
मगर अब वही रिश्ता टूट गया,
जिसमें दिल को सुकून मिलता था।
दोस्ती का हर लम्हा याद आता है,
तेरा हर वादा याद आता है,
मगर जब धोखा याद आता है,
तो दिल फिर से टूट जाता है।
हमने दोस्ती को अपना जहां माना था,
तुझे हर खुशी का अरमान माना था,
मगर तूने ही साथ छोड़ दिया,
जिसे हमने अपनी पहचान माना था।
कभी तेरी दोस्ती पर गर्व था,
हर लम्हा जैसे पर्व था,
मगर तूने ही दिल तोड़ दिया,
जो कभी सबसे बड़ा सर्व था।
दोस्ती में हर दर्द सहा था,
हर वक्त तेरा साथ कहा था,
मगर तूने ही साथ छोड़ दिया,
जिसे हमने अपना कहा था।
हमने तुझे दिल का राज़ बताया था,
हर सपना तुझसे सजाया था,
मगर तूने ही भरोसा तोड़ दिया,
जिसे हमने सबसे ज्यादा निभाया था।
दोस्ती की राहें बड़ी प्यारी थीं,
हर बात में खुशियां हमारी थीं,
मगर तूने ही साथ छोड़ दिया,
जो कभी यादें हमारी थीं।
कभी दोस्ती का नशा था दिल में,
हर खुशी बसी थी उस महफिल में,
मगर तूने ही रिश्ता तोड़ दिया,
जो कभी बसता था इस दिल में।
हमने दोस्ती को दिल में बसाया था,
हर लम्हा तुझसे सजाया था,
मगर तूने ही धोखा दे दिया,
जिसे हमने अपना साया था।
दोस्ती में जो भरोसा था,
हर बात में तेरा हिस्सा था,
मगर तूने ही साथ छोड़ दिया,
जो कभी दिल का किस्सा था।
दोस्ती का हर लम्हा खास था,
तेरा साथ दिल के पास था,
मगर तूने ही रिश्ता तोड़ दिया,
जो कभी सबसे खास था।
हमने दोस्ती में दिल लगाया था,
हर दर्द तुझसे छुपाया था,
मगर तूने ही धोखा दे दिया,
जिसे हमने अपना बनाया था।
कभी तेरा साथ ही खुशी था,
हर लम्हा जैसे रोशनी था,
मगर तूने ही साथ छोड़ दिया,
जो कभी जिंदगी था।
दोस्ती में जो वादा था,
हर बात में इरादा था,
मगर तूने ही रिश्ता तोड़ दिया,
जो कभी हमारा ज्यादा था।
हमने दोस्ती को अपना घर समझा,
तुझे ही हर सफर समझा,
मगर तूने ही साथ छोड़ दिया,
जिसे हमने हमसफर समझा।
दोस्ती का हर लम्हा प्यारा था,
तेरा साथ ही सहारा था,
मगर तूने ही रिश्ता तोड़ दिया,
जो कभी सबसे न्यारा था।
हमने दोस्ती में वफ़ा चाही थी,
हर बात में दुआ चाही थी,
मगर तूने ही दिल तोड़ दिया,
जिसमें हमने दुनिया चाही थी।
दोस्ती में हर पल सच्चाई थी,
हर बात में अच्छाई थी,
मगर तूने ही साथ छोड़ दिया,
जिसमें हमारी भलाई थी।
कभी तेरा साथ ही कहानी था,
हर लम्हा बड़ा सुहानी था,
मगर तूने ही रिश्ता तोड़ दिया,
जो कभी दिल की निशानी था।
दोस्ती का रिश्ता बहुत गहरा था,
हर लम्हा उसमें पहरा था,
मगर तूने ही दिल तोड़ दिया,
जो कभी सबसे सुनहरा था।
हमने दोस्ती को अपना सपना माना,
तुझे ही अपना अपना माना,
मगर तूने ही साथ छोड़ दिया,
जिसे हमने सबसे अपना माना।
दोस्ती में जो भरोसा था,
वही सबसे बड़ा धोखा था,
क्योंकि जिस पर सबसे ज्यादा यकीन था,
वही दिल तोड़ने वाला मौका था।
हमने दोस्ती में सब कुछ दिया,
हर दर्द भी हंसकर लिया,
मगर तूने ही साथ छोड़ दिया,
जो कभी हमारा सब कुछ था।
दोस्ती की राहों में साथ चला था तू,
हर मुश्किल में मिला था तू,
मगर जब सच का वक्त आया,
उसी राह से मुड़ गया था तू।
कभी दोस्ती हमारी ताकत थी,
हर बात में उसकी इज्जत थी,
मगर तूने ही रिश्ता तोड़ दिया,
जो कभी हमारी आदत थी।
दोस्ती में जो जख्म मिला,
वही सबसे बड़ा सबक मिला,
अब किसी पर जल्दी भरोसा नहीं,
क्योंकि दोस्ती में ही धोखा मिला।
दोस्ती जिंदगी का एक बहुत ही खास और अनमोल रिश्ता होता है। जब दोस्त सच्चा हो तो हर मुश्किल आसान लगने लगती है, लेकिन जब वही दोस्त बेवफा निकल जाए तो दिल को गहरा दर्द होता है। ऐसी भावनाओं को शब्दों में व्यक्त करने का सबसे सुंदर तरीका bewafa dost shayari बन जाती है। जब लोग अपने दिल का दर्द किसी से कह नहीं पाते, तब bewafa dost shayari उनके जज़्बातों को खुलकर बयां करने में मदद करती है।
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